श्री शिवमहापुराण कथा 2026 – राँची में दिव्य आयोजन
भगवान शिव की असीम कृपा और दिव्य आशीर्वाद से एक अत्यंत पावन अवसर आने वाला है। श्री विठ्ठलेश सेवा समिति, सीहोर के तत्वावधान में श्री शिवमहापुराण कथा ज्ञान यज्ञ 2026 का भव्य आयोजन राँची में होने जा रहा है।
यह केवल एक धार्मिक कथा नहीं, बल्कि भक्ति, ज्ञान और वैराग्य का संगम है, जहाँ श्रद्धालु भगवान शिव की महिमा का अनुभव करेंगे।

🌺 श्री शिवमहापुराण कथा का महत्व
शिव महापुराण हिंदू धर्म का एक अत्यंत पवित्र ग्रंथ है, जिसमें भगवान शिव की महिमा, उनके अवतार, और भक्तों के प्रति उनकी करुणा का वर्णन मिलता है।
इस कथा को सुनने से:
- जीवन के कष्ट कम होते हैं
- मन को शांति और सकारात्मकता मिलती है
- आध्यात्मिक उन्नति होती है
- महादेव का आशीर्वाद प्राप्त होता है
मान्यता है कि जो भक्त श्रद्धा से कथा सुनते हैं, उनके जीवन में सुख-समृद्धि आती है।
🙏 कथा वाचक – पूज्य पंडित प्रदीप मिश्रा जी
इस पावन आयोजन में विश्वविख्यात कथा वाचक
🙏 पंडित श्री प्रदीप मिश्रा जी (सीहोर वाले) 🙏
अपने श्रीमुख से शिव महापुराण की अमृतमयी कथा सुनाएंगे।
उनकी कथा शैली सरल, प्रेरणादायक और जीवन को बदलने वाली मानी जाती है।
📍 कथा स्थल और तिथि
📍 स्थान: फुटबॉल मैदान, राँची गौशाला न्यास, सुकुरहुट्टू, कांके, राँची (झारखण्ड)
📅 तिथि: 05 मई से 11 मई 2026
🕐 समय: दोपहर 2:00 बजे से 5:00 बजे तक
यह आयोजन पूरे सप्ताह चलेगा, जिसमें हजारों भक्तों के आने की संभावना है।
📡 लाइव प्रसारण
यदि आप स्थल पर नहीं आ सकते, तो भी चिंता की बात नहीं है।
यह कथा YouTube और Facebook पर लाइव देखी जा सकती है।
विट्ठलेश सेवा समिति सीहोर सोशल मीडिया लिंक्स
- फेसबुक पेज : https://www.facebook.com/@sehorevitthleshsewasamiti/
- यूट्यूब : https://youtube.com/@vitthleshsevasamitisehore305
- इंस्टाग्राम : https://www.instagram.com/vitthlesh_seva_samiti_sehore_/
🪔 शिवलिंग पर चंदन लगाने के नियम
भगवान शिव की पूजा में चंदन का विशेष महत्व है। सही विधि से चंदन लगाने से पूजा का फल कई गुना बढ़ जाता है।
प्रमुख नियम:
- पहले शिवलिंग को साफ करें
- “ॐ नमः शिवाय” मंत्र का जाप करें
- चंदन को श्रद्धा से लगाएं
- सफेद चंदन शांति का प्रतीक है
- लाल चंदन ऊर्जा और शक्ति का प्रतीक है
👉 चंदन लगाने से मन को शांति और जीवन में संतुलन मिलता है।
🌿 बेलपत्र पूजा विधि
भगवान शिव को बेलपत्र अत्यंत प्रिय है। इसकी पूजा करने से विशेष फल मिलता है।
कैसे करें पूजा:
- पहले स्वच्छता रखें
- बेलपत्र को साफ जल से धो लें
- शिवलिंग पर अर्पित करें
- “ॐ नमः शिवाय” का जाप करें
- प्रदोष काल में पूजा करना अत्यंत शुभ होता है
👉 नियमित बेलपत्र पूजा से जीवन में सुख और सकारात्मकता आती है।
🔱 शिव महापुराण क्या सिखाता है?
शिव महापुराण केवल कथा नहीं, बल्कि जीवन का मार्गदर्शन है। इसमें हमें सिखाया जाता है:
- सत्य और धर्म का पालन
- क्रोध और अहंकार पर नियंत्रण
- भक्ति और विश्वास का महत्व
- कठिन समय में धैर्य रखना
जब जीवन में कठिनाइयाँ आती हैं, तब भगवान शिव की शरण में जाने से मार्ग स्वतः मिल जाता है।
🌟 इस कथा में क्यों आएं?
यह आयोजन आपके जीवन को बदल सकता है क्योंकि:
- आपको आध्यात्मिक शांति मिलेगी
- सकारात्मक ऊर्जा का अनुभव होगा
- परिवार के साथ पुण्य लाभ मिलेगा
- जीवन की समस्याओं का समाधान मिलेगा
📞 अधिक जानकारी
📲 मिस कॉल करें: 74338 74338
🙏 विशेष निवेदन
आप सभी श्रद्धालु भक्तों से निवेदन है कि
सपरिवार इस पावन कथा में अवश्य पधारें और महादेव का आशीर्वाद प्राप्त करें।
🌿 इस निमंत्रण को अपने परिवार और मित्रों के साथ जरूर साझा करें।
लोकप्रिय भजनों की सूची
उनके लोकप्रिय भजनों की एक सूची तैयार की गई है, जिसमें हर भजन के बोल और उनका महत्व बताया गया है। यदि आप उनके भजनों को सुनना चाहते हैं और भगवान शिव की भक्ति में डूबना चाहते हैं, तो यह सूची आपके लिए बहुत उपयोगी हो सकती है।
- भोले बाबा तेरी नौकरी सबसे बढ़िया है सबसे खरी लिरिक्स
- ओ डमरू वाले ओ काशी वाले लिरिक्स
- कब से खड़े है झोली पसार क्यों ना सुने तु मेरी पुकार लिरिक्स
- शंकर भोलानाथ है हमारा तुम्हारा लिरिक्स
- तेरे डमरू की धुन सुनके मैं काशी नगरी आई हूं लिरिक्स
- शंभू शरणे पड़ी मांगू घड़ी रे घड़ी दुख काटो लिरिक्स
- डमरू वाले आजा तेरी याद सताए लिरिक्स
- लुटा दिया भण्डार काशी वाले ने लिरिक्स
- अब दया करो हे भोलेनाथ मस्त रहूं तेरी मस्ती में लिरिक्स
- पशुपति व्रत संपूर्ण विधि – पंडित प्रदीप मिश्रा
- दिल तुझको दिया ओ भोले नाथ लिरिक्स
- जो शिव नाम होठों पे चढ़ गया रे लिरिक्स
- शिव के सिवा कहीं दिल ना लगाना लिरिक्स
- तुम आना भोले बाबा मेरे मकान में लिरिक्स